मध्य प्रदेश

पेंच टाइगर रिजर्व से 18 चीतलों के साथ कूनो नेशनल पार्क भेजा गया बारहसिंगा, अब तक भेजे जा चुके हैं 158 चीतल …

सिवनी। मध्यप्रदेश के सिवनी स्थित पेंच टाइगर रिजर्व से शिवपुरी स्थित कूनो नेशनल पार्क में चीतल भेजे जाने का सिलसिला जारी है। नामीबिया से आए चीतों के मनपसंद शिकार चीतलों की संख्या बढ़ाए जाने के लिए यह कवायद की जा रही है। अब तक यहां 158 चीतल भेजे जा चुके हैं। बुधवार को 18 चीतलों के साथ एक बारहसिंगा कूनो भेजा गया है। वहीं, 11 नवंबर को भी 13 चीतल कूनों के जंगल मे छोड़े गए थे। पेंच टाइगर रिजर्व से कूनो नेशनल पार्क में कुल 500 चीतल भेजे जाने हैं।

चीतलों को चीतों का खास शिकार माना जाता है। हाल ही में कूनो के बड़े बाड़े में छोड़े गए दो नामीबियाई चीतों ने अब चीतलों का शिकार करना शुरू कर दिया है। ज्ञात हो कि कूनो में चीतलों की संख्या बढ़ाने की कवायद इसलिए की जा रही है, ताकि बाड़े से निकलने के बाद नामीबियाई चीतों को इनकी कमी महसूस न हो। पेंच टाइगर रिजर्व के अधिकारियों का कहना है कि यहां चीतलों की संख्या काफी बढ़ने से पार्क में दबाव बढ़ रहा है। इस दबाव को कम करने और कूनो में इनकी संख्या बढ़ाने के लिए इन्हें यहां से शिफ्ट किया जा रहा है।

पेंच के डिप्टी डायरेक्टर रजनीश सिंह के अनुसार चीतल कूनो नेशनल पार्क में पहले से मौजूद चीतलों में मिल जाएंगे। कूनो के चीतलों के झुंड में पेंच नेशनल पार्क के चीतलों को पहचानना मुश्किल होगा। नामीबिया से लाए गए चीतों के लिए कूनो नेशनल पार्क में अनुकूल माहौल बनाने की कवायद में चीतलों की संख्या बढ़ाया जाना शामिल है। इसके लिए जल्द से जल्द मांग के अनुसार चीतलों को पकड़कर कूनो भेजने के प्रयास किए जा रहे हैं।

पेंच नेशनल पार्क के अधिकारियों के मुताबिक पेंच में चीतलों को पकड़ने के लिए बोमा पद्धति अपनाई जा रही है। क्योंकि, हिरनों की प्रजाति चीतल बेहद संवेदनशील होते हैं, इसलिए इन्हें पकड़ने के लिए बोमा पद्धति का उपयोग किया जाता है, जिसमें बांस और झाड़ियों से पूरा का पूरा गलियारा बनाया जाता है, जो बाड़ से अटैच रहता है। फिर जंगल में हांका लगाकर चीतलों को बोमा बाड़े तक लाया जाता है। जब वे छोटे बाड़े में घिर जाते हैं तो उन्हें आसानी से पकड़ लिया जाता है। कूनो नेशनल पार्क में चीतलों को भेजने के लिए बोमा पद्धति से चीतलों को पकड़ने का सिलसिला जारी है। पेंच के कर्माझिरी व अन्य स्थानों पर बोमा तैयार किए गए है।

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