
3 लाख के लालच में टारगेट किलिंग की साजिश, नोएडा से दो आरोपी गिरफ्तार
नोएडा
उत्तर प्रदेश एटीएस ने नोएडा में एक बड़े ऑपरेशन के दौरान बागपत निवासी तुषार चौहान उर्फ हिजबुल्लाह और दिल्ली के समीर खान को हिरासत में लिया है. इन दोनों युवकों को पाकिस्तानी हैंडलर्स और गैंगस्टर शहजाद भट्टी ने सोशल मीडिया के जरिए कट्टरपंथी बनाया था. गुरुवार को हुई इस गिरफ्तारी का मुख्य उद्देश्य राज्य में सांप्रदायिक सद्भाव बिगाड़ना और प्रभावशाली लोगों की हत्या करना था. आरोपियों ने पैसों के लालच में आकर संवेदनशील स्थानों की रेकी शुरू कर दी थी. पुलिस ने इनके पास से पिस्टल, कारतूस और चाकू बरामद कर गैरकानूनी गतिविधियां रोकथाम अधिनियम (UAPA) के तहत मामला दर्ज किया है.
सोशल मीडिया पर बुना गया मौत का जाल
एडीजी लॉ एंड ऑर्डर अमिताभ यश के मुताबिक, पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी और आबिद जट इंस्टाग्राम जैसे प्लेटफॉर्म के जरिए भारतीय युवाओं को निशाना बना रहे थे. तुषार चौहान ने भट्टी का भरोसा जीतने के लिए कई आईडी बनाईं और सीधे संपर्क स्थापित किया. इन पाकिस्तानी हैंडलर्स ने युवाओं को उन लोगों को निशाना बनाने के लिए उकसाया जिन्होंने इस्लाम छोड़ दिया था. आरोपियों को आधुनिक हथियार मुहैया कराने और काम पूरा होने के बाद दुबई के रास्ते पाकिस्तान बुलाने का भी वादा किया गया था.
3 लाख का लालच और ग्रेनेड अटैक की तैयारी
जांच में खुलासा हुआ कि शहजाद भट्टी ने तुषार को टारगेट किलिंग के लिए 3 लाख रुपये का लालच दिया था, जिसमें 50 हजार रुपये एडवांस तय थे. आरोपियों को हैंड ग्रेनेड से हमला करने का निर्देश मिला था। गिरफ्तार समीर खान को दीवारों पर 'TTH' यानी 'तहरीक-ए-तालिबान हिंदुस्तान' लिखने और नए लड़कों को भर्ती करने की जिम्मेदारी दी गई थी. इन लोगों ने पिछले कुछ महीनों में कई लोगों को फोन पर जान से मारने की धमकी दी, जिसमें पाकिस्तानी हैंडलर भी कॉन्फ्रेंस कॉल पर जुड़ते थे.
यूपी के कई चर्चित चेहरे थे निशाने पर
एटीएस की पूछताछ में पता चला है कि इनके निशाने पर यूपी के कई चर्चित लोग थे. पाकिस्तानी आईएसआई एजेंट इन्हें टारगेट देने वाले थे. पकड़े गए आरोपियों से अब गहन पूछताछ की जा रही है ताकि इनके पूरे नेटवर्क और अन्य साथियों का पता लगाया जा सके. पुलिस अब इनकी रिमांड लेकर यह जानने की कोशिश करेगी कि इन्हें हथियारों की सप्लाई कहां से होने वाली थी और इनके अगले निशाने कौन थे.
पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी और ISI के सीधे संपर्क में थे
आरोपी पाकिस्तानी गैंगस्टर शहजाद भट्टी और आईएसआई के सीधे संपर्क में थे. तुषार ने भट्टी से प्रभावित होकर इस्लाम कबूला और इंस्टाग्राम के जरिए उससे जुड़ा. उसे संवेदनशील स्थानों की रेकी और प्रभावशाली लोगों पर ग्रेनेड हमले का टास्क मिला था. आरोपी PTT (पुश टू टॉक) और कॉन्फ्रेंस कॉल के जरिए पाकिस्तानी हैंडलर्स से बात करते थे. इनके पास से बरामद पिस्टल और कारतूस भी पाकिस्तान से ही भेजे गए थे. आरोपियों ने नेटवर्क विस्तार के लिए अन्य लड़कों को भी जोड़ा था.

















