धर्म
religion
-
17 फरवरी 2026 को पहला सूर्य ग्रहण, धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में, जानें भारत में सूतक काल की स्थिति
नई दिल्ली Surya Grahan 2026: साल 2026 का पहला सूर्य ग्रहण आज से ठीक एक महीने बाद यानी 17 फरवरी को लगने वाला है. यह सूर्य ग्रहण धनिष्ठा नक्षत्र और कुंभ राशि में लगने वाला है. ज्योतिषविदों का कहना है कि यह एक कंकण सूर्य ग्रहण होगा. इसे वलयाकार सूर्य ग्रहण भी कहा जाता है. इस तरह के ग्रहण में चंद्रमा पृथ्वी और सूर्य के ठीक बीच में आ जाता…
-
मुठ्ठी भर चावल से दूर होगी पैसों से जुड़ी दिक्कत
कई बार ऐसा होता है ना कि अच्छी-खासी कमाई होने के बावजूद भी पैसा हाथ में टिक नहीं पाता है। इसके पीछे कई तरह की वजहें जैसे फालतू के खर्चे, गलत आर्थिक फैसले या घर की नकारात्मक ऊर्जा। अगर आपके साथ भी ऐसा ही हो रहा है तो फेंगशुई का एक बहुत ही आसान सा उपाय इस समस्या को दूर करने में आपकी मदद कर सकता है। फेंगशुई के अनुसार…
-
हनुमान चालीसा पढ़ते वक्त एकाग्रता सहित 10 नियमों का करें पालन
शनिवार और मंगलवार को लोग बजरंगबली को प्रसन्न करने के लिए हनुमान चालीसा का पाठ करते हैं। कहते हैं कि हनुमान जी चिरंजीवी हैं। ऐसे में जो भक्त सच्ची श्रद्धा बजरंगबली को याद करता है उनकी पूजा करता है उनपर हनुमान जी की विशेष कृपा बरसती है, पलभर में संकट दूर हो जाते हैं। लेकिन हनुमान चालीसा का पाठ यदि नियम से किया जाए, तो ही इसका फल प्राप्त होता…
-
ज्योतिष अलर्ट: शनि जब इन 7 ग्रहों के साथ आते हैं तो शुरू होती हैं समस्याएं और बीमारियां
शनि ग्रह का गोचर और उनकी अन्य ग्रहों के साथ युति किसी व्यक्ति के जीवन में तमाम पहलुओं पर गहरा प्रभाव डालती है. इसमें स्वास्थ्य, रिश्ते और आर्थिक स्थिति भी शामिल है. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, शनि लगभग ढाई वर्ष तक एक राशि में रहते हैं. प्रख्यात ज्योतिषी डॉ. बसवराज गुरुजी ने इस अवधि के दौरान शनि के साथ अन्य ग्रहों की युति होने पर पड़ने वाले प्रभावों और स्वास्थ्य…
-
रुद्राक्ष पहनने की सोच रहे हैं? पहले पढ़ें ये नियम, वरना हो सकता है नुकसान
रुद्राक्ष बहुत ही पवित्र माना जाता है. लोग इसकी माला पहनते हैं. रुद्राक्ष को धारण करने के लाभ बताए गए हैं. शास्त्रों के अनुसार, रुद्राक्ष की माला का जाप बहुत फलदायी माना जाता है. हिंदू मान्यताओं के अनुसार, रुद्राक्ष की माला का जप करने से कई गुना अधिक फल मिलता है. इस माला का जप करने से अध्यात्मिक उन्नति होती है. रुद्राक्ष की उत्पत्ति भगवान शिव के आंसुओं से हुई…
-
चारधाम यात्रा पर बड़ी अपडेट: तय समय से पहले खुलेंगे कपाट, व्यवस्थाओं को लेकर सरकार तैयार
उत्तराखंड की विश्व प्रसिद्ध चारधाम यात्रा को लेकर इस साल श्रद्धालुओं के लिए अच्छी खबर है. साल 2026 में चारधाम यात्रा पिछले साल की तुलना में 11 दिन पहले शुरू होने जा रही है. यात्रा का आगाज 19 अप्रैल को अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के कपाट खुलने के साथ होगा. पिछले वर्ष (2025) चारधाम यात्रा 30 अप्रैल को शुरू हुई थी, लेकिन इस बार…
-
माता-वध का कठिन आदेश: किस परिस्थिति में परशुराम ने उठाया था यह कदम और क्या थे तीन वरदान
जगत के पालनहार भगवान श्री हरि विष्णु के दस अवतार हैं. इन अवतारों में से ही एक है भगवान परशुराम. भगवान परशुराम विष्णु जी के छठवें अवतार हैं. माना जाता है कि भगवान परशुराम आज भी धरती पर वास कर रहे हैं. परशुराम भगवान का नाम राम था, लेकिन जब भगवान शिव ने उनको एक दिव्य फरसा दिया तो उनका नाम परशुराम पड़ गया. भगवान परशुराम के पिता का नाम…
-
वास्तु शास्त्र की चेतावनी: इस दिशा में बैठकर भोजन करने से बढ़ सकती हैं परेशानियां
अन्न को हिंदू धर्म में 'ब्रह्म' माना गया है और भोजन करने की प्रक्रिया को एक 'यज्ञ' के समान पवित्र माना गया है। अक्सर हम इस बात पर तो ध्यान देते हैं कि हम क्या खा रहे हैं, लेकिन हम 'किधर' मुंह करके खा रहे हैं, इसे नजरअंदाज कर देते हैं। वास्तु शास्त्र के अनुसार, गलत दिशा में बैठकर किया गया भोजन न केवल बीमारियों को बुलावा देता है, बल्कि…
-
काम में आ रही रुकावट खत्म! सिर्फ 24 घंटे में मिलेगा समाधान, जानें आसान उपाय
जीवन में कई बार ऐसी स्थिति आती है जब हमारी मेहनत के बावजूद काम अंतिम समय पर आकर अटक जाते हैं। चाहे वह नौकरी का प्रमोशन हो, व्यापार की कोई डील, रुका हुआ पैसा या घर का कोई शुभ कार्य जब राह में बार-बार बाधाएं आने लगें, तो इसका कारण आपके परिवेश की नकारात्मक ऊर्जा या वास्तु दोष हो सकता है। वास्तु शास्त्र के अनुसार, हमारे आसपास की ऊर्जा हमारे…
-
गलती से भी इन लोगों के घर न खाएं अन्न, वरना लग सकता है पाप
गरुड़ पुराण हिंदू धर्म के 18 महापुराणों में शामिल है. ये पुराण भगवान विष्णु और पक्षी राज गरुड़ के संवाद पर आधारित है. हिंदू धर्म में मृत्यु के बाद घर में गरुड़ पुराण का पाठ अवश्य होता है. धार्मिक मान्यता है कि पाठ करने से व्यक्ति की आत्मा को सद्गति मिलती है और वो जन्म-मरण के इस चक्र से मुक्त हो जाती है. गरुड़ पुराण में जीवन, मृत्यु, पाप-पुण्य के…
-
घर में पॉजिटिव एनर्जी और धन के लिए लगाएं ये फेंगशुई तस्वीरें
घर की दीवारें केवल छत को सहारा देने के लिए नहीं होतीं, बल्कि वे आपके भविष्य और भाग्य का दर्पण भी हो सकती हैं। फेंगशुई के प्राचीन ज्ञान के अनुसार, हमारे आस-पास मौजूद हर वस्तु और तस्वीर एक विशिष्ट ऊर्जा या ची पैदा करती है। अक्सर हम घर की खूबसूरती बढ़ाने के लिए कोई भी पेंटिंग लगा देते हैं, लेकिन अनजाने में वही तस्वीरें हमारे जीवन में सकारात्मकता को रोक…
-
भ्रम में हैं श्रद्धालु: माघ पूर्णिमा कब है—1 या 2 फरवरी, यहां जानें स्नान का शुभ समय
श्रद्धालुओं के लिए माघ पूर्णिमा का विशेष धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व माना जाता है. इस दिन गंगा स्नान, दान-पुण्य और भगवान विष्णु की पूजा करने से जीवन के कष्ट दूर होते हैं और मोक्ष का मार्ग प्रशस्त होता है. हर साल माघ पूर्णिमा की तारीख को लेकर लोगों में भ्रम रहता है. ऐसे में आइए जानते हैं कि माघ पूर्णिमा 2026 में 1 फरवरी को है या 2 फरवरी को,…
-
घर में अन्न की कमी दूर करेगी ये एक चीज़, बस चावल के डिब्बे में रखें
भारतीय संस्कृति और वास्तु शास्त्र में रसोई घर को घर का सबसे पवित्र स्थान माना गया है। रसोई केवल भोजन पकाने की जगह नहीं है, बल्कि यह वह ऊर्जा केंद्र है जो पूरे परिवार के स्वास्थ्य और भाग्य को नियंत्रित करता है। वास्तु के अनुसार, रसोई में रखी हर वस्तु और अनाज का अपना एक विशेष महत्व होता है। विशेष रूप से चावल, जिसे अक्षत कहा जाता है, हिंदू धर्म…
-
स्कंद षष्ठी की रात दीपदान का चमत्कार, इन जगहों पर जलाने से पूरी होंगी मनोकामनाएं
हिंदू धर्म में स्कंद षष्ठी का व्रत भगवान कार्तिकेय को समर्पित है। वर्ष 2026 में स्कंद षष्ठी का विशेष महत्व है क्योंकि यह दिन शत्रुओं पर विजय, संतान सुख और जीवन की बाधाओं को दूर करने वाला माना जाता है। शास्त्रों के अनुसार, स्कंद षष्ठी की रात को कुछ विशेष स्थानों पर दीपक प्रज्वलित करने से न केवल भगवान कार्तिकेय प्रसन्न होते हैं, बल्कि भक्तों को चमत्कारी लाभ भी प्राप्त…
-
कछुआ अंगूठी पहनने से पहले सावधान! इन राशि वालों को हो सकता है नुकसान
कछुए वाली अंगूठी आजकल एक फैशन बन गई है, लेकिन वास्तु और ज्योतिष शास्त्र में इसका संबंध सीधे आपकी किस्मत और आर्थिक स्थिति से होता है। कछुए को भगवान विष्णु के 'कूर्म अवतार' का प्रतीक माना जाता है, इसलिए इसे धारण करने से पहले कुछ नियमों को जानना बहुत जरूरी है। कछुए वाली अंगूठी पहनने के बड़े फायदे आर्थिक समृद्धि: शास्त्रों के अनुसार, कछुआ धन की देवी मां लक्ष्मी का…
-
25 जनवरी 2026 का राशिफल: ग्रहों की स्थिति बदलने से क्या होगा आपकी राशि पर प्रभाव
मेष आत्मविश्वास भरपूर रहेगा। मौसम का लुत्फ उठाने के लिए अप लॉन्ग ड्राइव पर भी जा सकते हैं। नौकरी में तरक्की के अवसर मिल सकते हैं। आय में वृद्धि हाेगी, परंतु कार्यक्षेत्र में बदलाव के साथ स्थान परिवर्तन भी हो सकता है। वर्क फ्रॉम होम वालों का दिन भी अच्छा रहने वाला है। वृषभ कल के दिन क्रोध से बचें। बातचीत में संतुलित रहें। पैसों के मामले में किसी चुनौती…
-
घर की सीढ़ियों का रंग तय करेगा भाग्य! वास्तु के अनुसार जानें शुभ 6 रंग
वास्तु शास्त्र में घर की हर दिशा और कोने का अपना महत्व होता है, लेकिन सीढ़ियों को ऊर्जा का मुख्य वाहक माना जाता है। गलत रंग का चुनाव न केवल घर की सुंदरता बिगाड़ता है, बल्कि मानसिक तनाव और आर्थिक तंगी का कारण भी बन सकता है। अक्सर लोग घर की सजावट में सीढ़ियों के रंगों पर ध्यान नहीं देते, जबकि वास्तु के अनुसार सीढ़ियां प्रगति का प्रतीक होती हैं।…
-
राशिफल 24 जनवरी 2026: बदली ग्रहों की चाल, किस राशि का चमकेगा भाग्य, किसे रहना होगा सावधान
मेष आज का दिन सलाभकारी रहेगा। आप विश्वास और आत्मविश्वास के साथ कार्यों को पूरा करेंगे। काम व्यवस्थित और स्थिर रहेगा। अजनबियों पर जल्दी भरोसा करने से बचें। निर्णय आम तौर पर आपके पक्ष में होंगे।परिवार में सामंजस्य बना रहेगा। महत्वपूर्ण व्यक्तियों से मुलाकात हो सकती है और गलतफहमियां या तनाव दूर होंगे। वृषभ आप अपनी भावनाओं पर नियंत्रण रखेंगे व्यापार में आपको मनचाहे परिणाम प्राप्त होंगे और पेशेवर मामलों…
-
अगर आप भी दरवाजे के पीछे टांगते हैं कपड़े, तो हो जाएं अलर्ट!
वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर का मुख्य दरवाजा सकारात्मक ऊर्जा (प्राणिक ऊर्जा) के प्रवेश का प्रमुख स्थान होता है। इसके पीछे कपड़े टांगना या कोई बाधा रखना शुभ नहीं माना जाता। मुख्य दरवाजे के पीछे कपड़े टांगना सही नहीं है क्योंकि यह ऊर्जा के प्रवाह को बाधित करता है। अन्य दरवाजों पर कपड़े टांगने में कोई बड़ी समस्या नहीं है, बशर्ते इसे सुव्यवस्थित और स्वच्छ रखा जाए। यदि यह आपकी…
-
बसंत पंचमी विशेष: शाम को तुलसी पूजन के लिए कितने बजे जलाएं दीपक?
आज माघ मास की शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि का दिन है. आज पूरा देश बंसत पंचमी का त्योहार मना रहा है. ये पर्व ज्ञान, बुद्धि और विद्या की देवी माता सरस्वती को समर्पित किया गया है. बसंत पंचमी के दिन माता सरस्वती की पूजा अर्चना विशेष फलदायी मानी गई है. मान्यता है कि इस दिन माता सरस्वती का पूजन करने से ज्ञान, बुद्धि और विद्या का आशीर्वाद प्राप्त होता…
-
सुख-शांति में डाल सकती है खलल बाथरूम की खाली बाल्टी, वास्तु शास्त्र से जानें सही उपाय
अक्सर हम घर की सजावट और मुख्य कमरों के वास्तु पर तो बहुत ध्यान देते हैं, लेकिन बाथरूम जैसी महत्वपूर्ण जगह को नजरअंदाज कर देते हैं। वास्तु शास्त्र के अनुसार, बाथरूम का सीधा संबंध हमारी आर्थिक स्थिति और मानसिक शांति से होता है। कई बार हम अनजाने में बाथरूम में खाली बाल्टी छोड़ देते हैं, जिसे वास्तु में एक बड़ा दोष माना गया है। यह छोटी सी लापरवाही घर में…
-
2026 में शादियों का रुका सिलसिला, 25 जुलाई से 20 नवंबर तक नहीं होंगे विवाह, फरवरी में सबसे ज्यादा मुहूर्त
भगवान भास्कर के उत्तरायण होने के साथ ही खरमास उतर गया है। लेकिन इस साल शादी की शहनाइयां तो पांच फरवरी से बजनी शुरू होगी। फरवरी से शुरू हो रहे विवाह का पूरे वर्ष में लगभग 59 शुभ मुहूर्त बन रहे हैं। इनमें सबसे अधिक 12 मुहूर्त फरवरी महीने में ही पड़ रहा है। इसके बाद मार्च, अप्रैल, मई और जून माह में शादियों का आठ-आठ मुहूर्त बन रहे हैं।…
-
होली और वसंत पंचमी के त्योहार का रंगों से है गहरा नाता
नई दिल्ली. भारत त्योहारों का देश है और यहां हर मौसम का अपना एक उत्सव है। साल 2026 में 23 जनवरी को वसंत पंचमी का पर्व मनाया जाएगा। यह दिन न केवल विद्या की देवी मां सरस्वती की आराधना के लिए खास है, बल्कि यह उस उमंग की भी शुरुआत है, जिसका इंतजार हर सनातनी को होता है- यानी 'होली'। ब्रज में होली की दस्तक आमतौर पर लोग समझते हैं…
-
राशिफल (23 जनवरी 2026): ग्रहों की स्थिति में बदलाव, जानें आज आपका दिन कैसा रहेगा
मेष राशि आज का दिन आपको अपने आपको को पॉजिटिव करने का दिन है। अगर आप परेशान हैं, तो आपको इस समय अपनी अचीवमेंट को याद करना चाहिए। आर्थिक रूप से स्थिर रहें और दीर्घकालिक योजना पर भरोसा रखें। वृष राशि वृष राशि वालों के लिए पर्सनल लाइफ में अच्छी खबर मिल सकती है। आपको अपनी लवलाइफ में पुरानी बातों को सोचकर परेशान नहीं होना है। आज इस राशि के…
-
कल होगा माघ मेले का बसंत पंचमी स्नान, कब से शुरू होगी आस्था की डुबकी?
हर साल माघ माह की शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि के दिन बसंत पंचमी का पर्व मानाया जाता है. ये पर्व ज्ञान, वाणी और बुद्धि की देवी माता सरस्वती को समर्पित किया गया है. मान्यता है कि माघ माह की शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि के दिन ही माता सरस्वती प्रकट हुईं थीं. बसंत पंचमी के दिन माता सरस्वती की पूजा-अराधना बहुत फलदायी मानी गई है. साल 2026 में कल…