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पुलिस मुखबिरी का आरोप लगाकर नक्सलियों ने अपने ही साथी का रेता गला…

जगदलपुर। नक्सलियों ने जन अदालत लगाकर अपने ही साथ का गला रेत दिया है। जानकारी के अनुसार नक्सलियों ने अपने साथी के ऊपर पुलिस मुखबिरी का आरोप लगा कर उसकी सैकड़ों ग्रामीणों के सामने गला रेत कर हत्या की है। फिलहाल पुलिस की तरफ से इस मामले की अब तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इतना जरूर बताया जा रहा है कि जिस नक्सली को मारे जाने की खबर मिल रही है उस पर हत्या, लूट, आगजनी जैसे 8 से ज्यादा मामले दर्ज हैं।

कोयलीबेड़ा थाना क्षेत्र के धुर नक्सल प्रभावित इलाके गट्टाकाल गांव में नक्सलियों ने गुरुवार को जन अदालत लगाई थी। जिसमें 3 गांव के सैकड़ों ग्रामीण शामिल हुए थे। सूत्रों के अनुसार, इस जन अदालत में 40 से ज्यादा हथियारबंद माओवादी भी मौजूद थे। जिन्होंने सभी ग्रामीणों के सामने अपने ही साथी नक्सली दिनेश नुरेटी को रस्सी से बांध रखा था। नक्सलियों ने ग्रामीणों से कहा कि, यह पुलिस के साथ मिल गया है। हमारी खबरें पुलिस को देता है, इसका क्या किया जाए। इस बात पर सभी ग्रामीणों ने कहा कि, गद्दार की मौत ही सजा है।

मारे गए नक्सली का शव गांव पहुंचा, क्षेत्र में तनाव

जिसके बाद ग्रामीणों के सामने ही नक्सलियों ने अपने साथी की किसी नुकीले हथियार से गला रेत कर हत्या कर दी। मारे गए नक्सली का शव उसके गांव में सुबह भेज दिया गया। घर में शव पहुंचने के बाद से ही गांव में माहौल तनावपूर्ण हैं। सुबह मीडिया के कुछ लोग परिवार से बात करने और फोटो के लिए गए थे, लेकिन ग्रामीणों के आक्रोश को देख लौट आए। अंदरूनी गांव और नक्सल गढ़ होने के चलते कोई भी रिस्क नहीं लेना चाह रहा है। फिलहाल अभी तक नक्सलियों की ओर से भी कोई जानकारी सामने नहीं आई है।

बैगा की हत्या से नाराज थे नक्सली, एक अन्य भी घायल

बताया जा रहा है कि मारे गए नक्सली दिनेश ने अपने साथियों के साथ मिलकर ग्राम संभलपुर निवासी रामलाल बैगा की हत्या की थी। इसे लेकर नक्सली नाराज थे और उन्होंने दिनेश और एक अन्य सनेष नुरूटी की पिटाई की थी। इसके बाद दिनेश की हत्या कर दी गई, जबकि सनेष घायल बताया जा रहा है। ग्रामीण सूत्रों के मुताबिक मरने से पहले गांव वालों के सामने दिनेश ने पुलिस के लिए मुखबिरी करने की बात कबूल की थी। यह भी सामने आया है कि और भी लोगों का नाम बताया गया है, जो पुलिस के लिए काम कर रहे हैं।

पुलिस अफसर बोले- जानकारी नहीं

इधर इस मामले में अंतागढ़ SDOP अमर सिदार ने बताया कि, नक्सली की हत्या की अब तक कोई स्पष्ट जानकारी नहीं मिली है। इस तरह की खबरें सुनने में आ रही है। जिस दिनेश नुरेटी को माओवादियों ने मारा है वह कई बड़ी घटनाओं को अंजाम दे चुका है। साथ ही इलाके में सक्रिय रहकर जमकर तांडव मचाया करता था।

एक साल में 8 लोगों की हत्या कर चुके जन अदालत लगाकर

छत्तीसगढ़ में नक्सलियों ने पिछले एक साल के दौरान जन अदालत लगाकर 8 से ज्यादा लोगों की हत्या की है। हर किसी पर पुलिस का मुखबिर होने का संदेह जताया था।

  • 17 नवंबर 2020 को नक्सलियों ने सुकमा के जंगलों में जन अदालत लगाकर 2 युवकों की हत्या की थी।
  • 21 अक्टूबर 2020 को नक्सलियों ने बीजापुर में एक आरक्षक को अगवा कर जन अदालत लगा उसकी हत्या की थी।
  • साल 2020 में ही नक्सलियों ने नारायणपुर के अबूझमाड़ में 2 युवकों पर पुलिस मुखबिरी का आरोप लगा कर गला रेत का हत्या की थी।
  • साल 2020 में कांकेर जिले में नक्सलियों ने जन अदालत लगा कर एक पूर्व सरपंच की हत्या की थी।
  • साल 2020 में कांकेर जिले में एक दिव्यांग युवक की हत्या कर शव सड़क किनारे फेंका था। इस पर भी पुलिस मुखबिरी का आरोप लगाया गया था।
  • साल 2020 में सुकमा जिले में ही नक्सलियों ने एक ग्रामीण पर पुलिस मुखबिरी का आरोप लगा कर जन अदालत लगा उसकी हत्या कर दी थी।
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